
रेंगाडबरीः रेंगाडबरी मे ईसर गौरा मडमिंग उत्सव हर्षोल्लास से मनाया गया। इस उत्सव के अवसर पर युवाओं ने बढचढकर हिस्सा लेते हुए करसा सजावटी व धान बाली के बने झालर का प्रतियोगिता रखा और महिलाओ ने बडे हर्ष के साथ बढचढकर गौरा-गीत मे भाग लिए। बैगा, गायता, सिरहा, पटेल एवं बुजुर्ग बुध्दिजीवी सियान ने पारंपरिक रीति नीति से इस उत्सव का जोहार किया।इस उत्सव मे शम्भू ईसर व गौरा माई का गीले मिट्टी से मूर्ति बनाकर अमावस्या की रात्रि मे सेवा देकर सूर्योदय से पूर्व ठंडा किया गया। इस उत्सव के माध्यम से आदिम जन को पारंपरिक संस्कृति जन्म संस्कार, विवाह संस्कार, देव संस्कार की रीति नीति से आम जन तक प्रसार करने की पारंपरिक मान्यता है। इस उत्सव मे माना जाता है कि ईसर गौरा के सेवा से लोगो के जीवन मे सुख-शांति-समृध्दि एवं मनोकामना की पूर्ति होती है। इस अवसर पर भारी संख्या मे ग्रामवासी उपस्थित रहे।
ग्रामवासियो ने दीपोत्सव की इस देवारी महा पर्व पर सुरहुती, देवारी, ईसर गवरा मडमिंग उत्सव की हार्दिक बधाईयाँ दी गई।


CG24 aajtak news Balram Gupta 9893932904