Breaking News
google.com, pub-8616032207403459, DIRECT, f08c47fec0942fa0

कांग्रेस ज़ुबानी जमाख़र्च करने के बजाय अपने कोरोना प्लेयर्स मंत्रियों को ज़िलों का प्रभार सौंपकर सरकार कोरोना संक्रमण की रोकथाम की मॉनीटरिंग के लिए मैदान में उतारे :- प्रदेश प्रवक्ता, भाजपा छत्तीसगढ़

भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता अनुराग सिंहदेव ने कहा है। कि एक तरफ प्रदेश सरकार की बदनीयती और कुनीतियों के चलते अब प्रदेश में आपातकालीन चिकित्सा सेवा और कोविड ड्यूटी से डॉक्टर्स मना करने जा रहे हैं, तो दूसरी तरफ आज भी प्रदेश के अमूमन सभी कोविड सेंटर्स में ऑक्सीजन सिलेंडर की कमी के चलते मरीजों की तड़प-तड़पकर मौत हो रही है।

रेमिडेसिविर इंजेक्शन और दीग़र जीवनरक्षक दवाओं की आपूर्ति का सरकार का दावा भी ज़मीनी सच्चाई से अब भी कोसों दूर है। कोरोना संक्रमण के मद्देनज़र प्रदेश सरकार की विफलता का आलम यह है कि वह कोरोना मृतकों के दाह संस्कार तक का इंतज़ाम नहीं कर पा रही है। छत्तीसगढ़ के हालात तो इतने भयावह हो चले हैं कि यह राज्य कोरोना संक्रमण के मामले में देश की टॉप लिस्ट में शुमार हो ही चुका है, अब अकेले राजधानी व रायपुर ज़िले के आँकड़ों ने इस महामारी के मामले में ब्रिटेन, यूएई, इज़राइल, दक्षिण अफ्रीका को भी पीछे छोड़ दिया है।

एक दिन में हज़ारों नए मामलों का सामने आना प्रदेश सरकार के निकम्मेपन का जीता-जागता प्रमाण है। सालभर के समय में भी प्रदेश सरकार ने कोरोना को लेकर कोई गंभीरता नहीं दिखाई और प्रदेश आज भी कोरोना से ज़ंग के मामले में फिसड्डी साबित हो रहा है। प्रदेश में कोरोना की जाँच का काम धीमी गति से होने, कोविड अस्पतालों में बिस्तरों की कमी, रेमिडेसिविर इंजेक्शन और ज़रूरी जीवनरक्षक दवाओं की कमी, कालाबाज़ारी और मुनाफ़ाखोरी पर भी सरकार कोई कारग़र पहल नहीं कर रही है।

प्रदेश सरकार कोरोना से निपटने के मामले में कितनी लापरवाह है, यह ऐन कोरोना संकट के बीच में जूनियर डॉक्टर्स की हड़ताल से ज़ाहिर हो रहा है। प्रदेश सरकार अपनी वाहवाही कराने में चाहे जितनी मशगूल रहे, ज़मीनी सच्चाई यह है कि कोरोना वॉरियर्स के लिए राज्य सरकार स्तरीय पीपीई किट, मास्क से लेकर ज़रूरी संसाधन तक सुलभ नहीं करा पा रही है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *