Breaking News
google.com, pub-8616032207403459, DIRECT, f08c47fec0942fa0

स्वास्थ्य केंद्रों में विश्व ग्लाकोमा सप्ताह का हुआ आयोजन

स्वास्थ्य केंद्रों में विश्व ग्लाकोमा सप्ताह का हुआ आयोजन
पूरे विश्व मे ग्लाकोमा सप्ताह का आयोजन मनाया जा रहा है उसी प्रकार हमारे बालोद जिले के स्वास्थ्य विभाग में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी बालोद डॉ एस0के0 मंडल के परिपालन में जिला नोडल अंधत्व अधिकारी डॉ ऐ के मिश्रा के निर्देश व उनके मार्गदर्शन में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र गुरेदा में विश्व ग्लाकोमा सप्ताह मनाया गया ,जिसमें नेत्र सहायक अधिकारी घनश्याम पुरी के द्वारा मरीजो का नेत्र परीक्षण किया गया व ग्लाकोमा के बारे में जानकारी दिया गया।
ग्लाकोमा एक ऐसी बीमारी है जिससे आंखों में इंट्राऑकुलर प्रेशर धीरे धीरे बढ़ते रहता हैं आंखों में तनाव बढ़ने से आप्टिक नर्व को नुकसान पहुंचता है जिसके परिणाम स्वरूप नज़र आने बन्द हो जाती है।सही समय में इलाज़ कराने पर रोशनी जाने से रोका जा सकता है 40 वर्ष से अधिक उम्र के सभी व्यक्तियो को समय समय पर अपनी आंखों की जांच कराना चाहिए। ग्लाकोमा अर्थात काँचबिंद निम्न लोगो को ज्यादा होता हैं जैसे 45 वर्ष से अधिक उम्र के व्यक्तियों को चश्मे का नंबर बार बार बढ़ जाना,बीपी या डायबिटिक के मरीजों को दूर दृष्टि या निकट दृष्टि होना, व आँखों के अंदर तनाव अधिक होने के कारण बल्ब के चारो ओर रंगीन गोले नज़र आना, आंखों में दर्द महसूस हो ,रोशनी कम होने लगे तो यह काला मोतियाबिंद हो सकता है।
यह सभी लक्षण यदि किसी मरीज को होता है तो अपने नजदीकी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों जिला चिकित्सालय में जाकर आंखों की जांच कराए ।इस कार्येक्रम में पी0एच0सी0 गुरेदा के ग्रामीण चिकित्सा सहायक मुनमुन सरकार व चिकित्सा अधिकारी डॉ चिराग़ साहू फार्मासिस्ट लोमेश शर्मा ,स्टाफ नर्स वंदना साहू एकता मिंज लता देवी मनोगर, एएनएम आरती चन्देल,एम एल टी वैशाली बारले सहायक ग्रेड 03 अंजना राठौर, जे एस ए रिकू देवरनकर,वार्ड आया अनुपमा व बबलू देवांगन समस्त कर्मचारी उपस्थित रहे व इस कार्येक्रम को सफल बनाया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *