
बालोद/ डौंडी लोहारा : – प्रदेश में विधानसभा चुनावों में अभी कुछ महीनों का समय है।लेकिन धीरे धीरे इसकी आहट वर्तमान प्रदेश सरकार के द्वारा लिए जा रहे फैसलों से होने लगा है। किसानों,बेरोजगार युवाओं को मुख्यमत्री भूपेश बघेल की सरकार ने प्रोत्साहित करने का काम प्रारंभ कर दिया है। जिससे यह लगने लगा हे की अब जो भी सरकार के तरफ से घोषणा हो रहा वो चुनावों के मद्देनजर हो रहा है। वही दूसरी तरफ विपक्ष में बैठी भाजपा के द्वारा सरकार को घेरने मोर आवास योजना वा शराबबंदी को लेकर चलाए जा रहे कार्यक्रम वा मोर्चाबंदी ने भी इसकी और इशारा कर दिया है।की अगले विधानसभा चुनावों में कौन कौन से मुद्दो पर दोनों प्रमुख पार्टियों का फोकस रहेगा। बालोद जिला के राजनीतिक उतार चडाव वा मुद्दों की बात करे तो यहा किसान,मजदूर,बेरोजगारी,वा उद्योग बड़े विषय हमेशा से रहे हे। वही शिक्षा स्वास्थ्य,पेयजल जैसे बुनियादी मामले भी महत्त्वपूर्ण है। जो हर बार के चुनावों में सामने रहते है।लेकिन पिछले चुनावों में कांग्रेस ने किसानों को लेकर उनके अनाज धान को लेकर समर्थन मूल्य वा बोनस देने की राजनीतिक ताबड़तोड़ बैटिंग की थी उससे पूर्व के विधानसभा चुनावों में भाजपा चारो खाने चित्त हो गई थी वा लगभग मैदान से गायब ही दिख रही थी करारी हार का सामना भाजपा को करना पड़ा था राजनीति से जुड़े लोगो का यही मानना था की कांग्रेस पार्टी की प्रदेश में सरकार बनाने किसानों को लेकर किए गए घोषणा ने बड़ा असर दिखाया वा कांग्रेस की बड़ी जीत हुई ऐसा नहीं की पूर्व की सरकार याने डॉक्टर रमन सिंह की सरकार ने इस ओर काम नही किया था काम उस समय भी हुए बावजूद किसानों पर प्रभाव नही बना पाए। मुख्यमंत्री बघेल ने सरकार में आते ही गांव, गरीब,किसान को फोकस किया नरवा,घुरुवा,बाड़ी योजना चलाया,मुख्यमंत्री किसान न्याय योजना बनाया साथ साथ क्षेत्रीयवाद की मुहिम चलाकर छत्तीसगढ़ की संस्कृति,माटी,बोली भाषा के फार्मूले को आगेकर योजनाबद्ध तरीके से काम को बड़ाया दूसरी तरफ भाजपा के विधायक कम संख्या में होने के बाद भी सरकार को घेरने में कोई कमी नही किए लगातार सदन के अंदर वा बाहर भी राजनीतिक लड़ाई जारी रखा जिनमे आवास योजना वा शराब बंदी को लेकर बड़े आंदोलन किए ही थे की चुनावों के कुछ माह शेष रहते मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने फिर से किसानों को लेकर बड़ी बात कह दी की किसानो से प्रति एकड़ 20 क्विंटल धान कांग्रेस सरकार खरीदेगी इस बात की घोषणा होते ही किसानों ने जिस तरह से सरकार के प्रति लगाव दिखाया इसे राजनीतिक प्रेक्षक भूपेश बघेल का चुनावों पूर्व “मास्टर स्ट्रोक” की संज्ञा दे रहे । कांग्रेस इसे किसानों के हित में बड़ा निर्णय बता रही है। और इसके फायदे भी देख रही है। वही सरकार को लगातार घेरने में लगी भाजपा के पास किसानों को लेकर किए बातों पर ज्यादा कुछ कहने को बचा हो फिलहाल तो यह दिखाई नही दे रहा है। वही बालोद जिला में भाजपा के पास फिलहाल संगठन से मिले निर्देशों के पालन करने के सिवाय फिलहाल ऐसा कोई बड़ा मामला दिखाई नही दे रहा जिससे की जिले की तीनो सीटो पर वर्तमान कांग्रेस के विधायकों को घेरा जा सके पार्टी वर्तमान में मोर आवास योजना वा शराब बंदी के विषय को लेकर ही सरकार की घेरेबंदी करने में लगी हुई है। लेकिन जिस प्रकार से माहौल को बनाकर आमजनता को अपने पक्ष में खड़ा करने का हे फिलहाल तो यह अभी दिखाई नही दे रहा है।भाजपा के नेता सिर्फ राज्य संगठन के विषयो पर ही बात कर रहे हे लेकिन स्थानीय स्तर पर स्थानीय समस्याओं को को जनता से जुड़ी हुई है उस तक नही पहुंच पा रही हे। जैसे की नगरीय निकायों में कांग्रेस का कब्जा है और बहुत सी समस्याएं है। निर्माण कार्यों में गड़बड़ी करने,आमजनता को सही सुविधा नही देने,निविदा में गड़बड़ी करने सहित ग्राम पंचायतों में चल रहे निर्माण कार्यों में भी आर्थिक अनियमितता जैसे बहुत से मामले है जिनको उठाया जा सकता हे जिससे स्थानीय आमजनता का जुड़ाव होगा लेकिन इस और कोई ध्यान नही दिया गया है।वर्तमान समय में मुख्यमंत्री ने जो किसानों को राहत दिया है 20 क्विंटल धान खरीदने का वो मास्टर स्ट्रोक ही माना जा रहा है।
CG24 aajtak news Balram Gupta 9893932904
