Breaking News
google.com, pub-8616032207403459, DIRECT, f08c47fec0942fa0

ग्रामीण कर रहे पथराव, 5 दिनों से घर में बंद ,परिवार के 13 सदस्य ,आत्मदाह करने की दी चेतावनी



मदद करने 112 पहुंची तो उस पर भी किया हमला

प्रशासन कहता है स्थिति नियंत्रण में लेकिन परिवार अभी घर में बंद
सरायपाली सिंघोंड़ा थाना अंतर्गत ग्राम रक्शा में 5 दिनों से 13 सदस्यों का एक परिवार दहशत के साए में जीने के लिए मजबूर है। ग्राम वासियों द्वारा उनके घर पर पथराव किया जा रहा है। और घर से बाहर निकलने पर जान से मारने की धमकी दी जा रही है। पूरे परिवार ने अपने को घर में बंद कर लिया है। इतने अधिक समय से बंद रहने के कारण अब उनके सामने खाने-पीने तक की समस्या उत्पन्न हो गई है। पीड़ित परिवार द्वारा ग्राम वासियों से विवाद के संबंध में थाना में आवेदन भी दिया गया है लेकिन अब तक कार्रवाई शून्य है। इन सब के बीच पुलिस व प्रशासन इसका हल नहीं निकाल सके है। उत्तर परिवार व ग्रामीणों के बीच निजी जमीन विवाद होने की बात सामने आई है।
ग्राम रक्शा निवासी नारायण प्रसाद पटेल, यीशु कृष्ण पटेल, ललित राम पटेल ने थाना सिंघोडा मैं दिए आवेदन में उल्लेख किया है कि 28 अप्रैल को ललित राम के ब्यारा में चोरी हो जाने के कारण 112 वाहन को बुलाया गया था। उसी समय उसतराम पांडे, चंद्रिका प्रसाद विश्वकर्मा, साहेब राम बरिहा, खेमराज पांडे, एवं जगन्नाथ पांडे द्वारा गांव के बीच गली में जो हमेशा गंदा पानी नीचे की ओर जाता है उसे टैक्टर व जेसीबी मशीन लगाकर आवेदक के घर की ओर मोड़ दिया गया। आवेदकों ने 112 को जब यह दिखाया तो टीम द्वारा उन्हें मना किया गया। इसके बाद उन पांचों द्वारा गांव से कई महिला पुरुषों को बुलाकर आवेदकों को लाठी-डंडे व फावड़ा से मारा गया। जब वे भागने लगे तो लोगों ने पीछे से पत्थर भी फेंक कर मारा, जिससे उन्हें गंभीर चोटें आई है। इसके बाद से आवेदकों ने स्वयं को घर में बंद कर लिया उसके बाद भी उनके घर में पत्थर फेंके गये। जिससे छत की सीमेंट शीट, खपरैल आदि टूट गए हैं इसके बाद भी उनके घर पर पता किया जा रहा है और घर से बाहर निकलने पर जान से मारने की धमकी दी जा रही है इसके अलावा भी ग्राम वासियों द्वारा उनके परिवार का सार्वजनिक बहिष्कार करने की शिकायत उनके द्वारा की गई है।

परिवार सहित आत्मदाह करने की बात भी कही,,,,,,, नारायण पटेल
नारायण पटेल ने हमारे प्रतिनिधि को इस घटना की जानकारी देते हुए अपनी व्याथा सुनाया। उन्होंने बताया कि पिछले 5 दिनों से उनका पूरा परिवार दहशत में जी रहा है डर के कारण वे घर से बाहर नहीं निकल पा रहे हैं। उनके सामने अब खाने-पीने की समस्या भी उत्पन्न हो गई है। पुलिस या स्थानीय प्रशासन से भी उन्हें कोई सहयोग नहीं मिल रहा है। पुलिस व प्रशासन अधिकारी गांव में आकर बाहर से ही वापस हो रहे हैं। इस तरह की स्थिति रही तो उन्होंने परिवार सहित आत्मदाह करने की बात भी कही

मामला नियंत्रण में है,,,,,,,, थाना प्रभारी

           सिंघोडा थाना प्रभारी केशवराम कोसले ने कहा कि शिकायतकर्ता व ग्रामीणों के बीच जमीन का विवाद है पहले शिकायत मिलने पर 112 की टीम वहां पहुंची थी लेकिन ग्रामीणों द्वारा उस पर भी हमला किया गया उसके बाद पुलिस अनुविभागीय अधिकारी व राजस्व की टीम भी वहां गई और ग्रामीणों से चर्चा की। वर्तमान में मामला नियंत्रण में है। एक पुलिस कर्मचारी 24 घंटे वहां तैनात है। अब वहां कोई खतरा नहीं है। शिकायतकर्ता स्वयं ही घर से बाहर नहीं निकल रहा है। उनके बाहर आते ही मामले का निराकरण कर दिया जाएगा।


ग्रामीणों से मिलकर सुलझा लिया मामला,,,,,, एसडीएम

            अनुविभागीय  अधिकारी राजस्व हेमंत रमेश नंदनवार ने बताया कि अभी तो पथराव जैसी कोई बात नहीं है। शिकायतकर्ता ने शासकीय जमीन में कुछ गड़बड़ी की है जिससे ग्रामीण आक्रोशित है उनके द्वारा पूर्व में शिकायतकर्ता पर हमला किया गया था लेकिन अब ऐसी कोई बात नहीं है। कल ग्रामीणों के साथ बैठक कर मामले को सुलझा लिया गया है। वर्तमान में स्थिति नियंत्रण में है।

प्रशासन को करना चाहिए निराकरण,,,,,,,,, भाजपा जन
इस पूरे मामले को लेकर भाजपा नेताओं ने प्रशासन को आड़े हाथ लिया है। भाजपा जिला अध्यक्ष श्रीमती रूप कुमारी चौधरी एवं पूर्व विधायक त्रिलोचन पटेल ने कहा कि एक परिवार के 13 सदस्य 5 दिनों से घर में बंद है और उनके समक्ष भूखे मरने की नौबत आ गई है इसके बावजूद पुलिस व प्रशासन कार्यवाही नहीं कर रही है। उन्होंने कहा कि जमीन शासकीय हो या निजी यदि विवाद है तो प्रशासन को इसे संज्ञान में लेकर तत्काल पटाक्षेप करना चाहिए।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *